भौगोलिक क्षेत्रफल

प्रदेश के कुल भौगोलिक क्षेत्रफल एक लाख 35 हजार 133 वर्ग किलोमीटर का लगभग 65 प्रतिशत अर्थात 88 हजार वर्ग किलोमीटर क्षेत्र आदिवासी उपयोजना अंतर्गत शामिल।

अनुसूचित जनजाति उपयोजना

अनुसूचित जनजाति उपयोजना मद में इस वर्ष 2015-16 में 13 हजार 975 करोड़ रूपए का प्रावधान।

गत वर्ष की तुलना में यह 12 प्रतिशत अधिक।

इसी तरह अनुसूचित जाति उपयोजना मद में इस वर्ष 2015-16 में चार हजार 545 करोड़ रूपए का प्रावधान। गत वर्ष की तुलना में यह 13 प्रतिशत अधिक।

अध्ययनरत छात्रों की शिष्यवृत्ति

चालू वित्तीय वर्ष 2015-16 में आश्रम शालाओं में अध्ययनरत छात्रों की शिष्यवृत्ति 750 रूपए से बढ़ाकर आठ सौ रूपए तथा छात्र भोजन सहाय योजनान्तर्गत देय राशि 400 रूपए से बढ़ाकर 500 रूपए।

इसी प्रकार क्रीड़ा परिसर में पोषण आहार राशि 750 रूपए से बढ़ाकर 800 रूपए प्रतिमाह।

सुदूर वनांचलों में आश्रम शालाओं

सुदूर वनांचलों में आश्रम शालाओं के माध्यम से शिक्षा के विस्तार के लिए सफल प्रयोग।

विगत एक दशक में छात्रावास तथा आश्रम शालाओं की संख्या एक हजार 800 से बढ़कर तीन हजार 200 हो गयी, जो लगभग दोगुना है।

इनमें छात्रों की दर्ज संख्या 70 हजार से बढ़कर एक लाख 85 हजार अर्थात ढाई गुना बढ़ी।

आवासीय सुविधा

अनुसूचित जाति तथा जनजाति वर्ग के छात्रों को आवासीय सुविधा उपलब्ध कराने के उददेश्य से इस वर्ष राज्य में संचालित आश्रम तथा छात्रावासों में तीन हजार अतिरिक्त सीट की वृद्धि।

पोटा केबिन

विगत पांच वर्षों में 110 नवीन छात्रावास तथा 50 नवीन आश्रम खोले गए और 363 नवीन छात्रावास आश्रम भवन निर्मित।

विशेष कर नक्सल प्रभावित जिलों में ‘पोटा केबिन’ आवासीय विद्यालय में एक हजार 655 सीटों की जा रही वृद्धि।

मुख्यमंत्री बाल भविष्य सुरक्षा योजना

मुख्यमंत्री बाल भविष्य सुरक्षा योजना - प्रदेश के सभी पांच संभागीय मुख्यालयों रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, अम्बिकापुर तथा बस्तर में ‘प्रयास’ आवासीय विद्यालयों का संचालन।

इन संस्थाओं में प्रदेश के नक्सल प्रभावित जिलों के कक्षा दसवीं उत्तीर्ण प्रतिभावान विद्यार्थियों को कक्षा ग्यारहवीं तथा बारहवीं की शालेय शिक्षा (बोर्ड पाठ्यक्रम) के साथ-साथ आई.आई.टी., ए.आई ट्रिपल ई, ए.आई.पी.एम.टी., पी. एम.टी., पी.ई.टी. आदि परीक्षाओं की कोचिंग की सुविधा।

अब तक प्रयास आवासीय विद्यालयों से तीन बैच में कुल 657 विद्यार्थी लाभान्वित।

ट्रायवल यूथ हास्टल

नई दिल्ली में छत्तीसगढ़ सरकार का ट्रायबल यूथ हास्टल-देश की राजधानी में रहकर संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा परीक्षा तथा अखिल भारतीय स्तर की अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने और दिल्ली स्थित शैक्षणिक संस्थाओं में उच्च शिक्षा अध्ययन के लिए आवासीय तथा मेस सुविधा उपलब्ध कराने ‘ट्रायवल यूथ हास्टल, द्वारका, नई दिल्ली’ में दो जुलाई 2012 से संचालित। इसमें गत दो वर्षों में 93 विद्यार्थी लाभान्वित।

उत्कर्ष विद्यार्थी योजना

जवाहर अनुसूचित जाति उत्कर्ष विद्यार्थी योजना में गत वर्ष 368 विद्यार्थी और जवाहर आदिम जाति उत्कर्ष विद्यार्थी योजना में गत वर्ष 867 विद्यार्थी लाभान्वित।

स्वास्थ्य सुरक्षा

स्वस्थ तन-स्वस्थ मन (स्वास्थ्य सुरक्षा) योजना - छात्रावास तथा आश्रमों में निवासरत छात्र-छात्राओं के नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के लिए यह योजना वर्ष 2007-08 से लागू। इसमें गत वर्ष लगभग 66 हजार विद्यार्थी लाभान्वित।

ई-स्काॅलरशिप योजना

ई-स्काॅलरशिप योजना- अनुसूचित जनजाति एवं जाति तथा पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को वर्ष 2012-13 से पोस्ट मेट्रिक छात्रवृत्ति का ‘आॅनलाईन’ वितरण। इससे गत वर्ष तीन लाख 85 हजार विद्यार्थी लाभान्वित।

आॅनलाईन‘ ‘माॅनिटरिंग

छात्रावासों तथा आश्रमों की व्यवस्था के लिए ‘आॅनलाईन‘ ‘माॅनिटरिंग’।

‘छात्रवृत्ति’ भी आॅनलाईन। अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति तथा अन्य पिछड़ा वर्ग के बच्चों को बिना कठिनाई के जाति प्रमाण-पत्र देने की प्रक्रिया हुई सरल।

जाति प्रमाण पत्र प्रदायगी की व्यवस्था हुई आॅनलाईन।

कन्या छात्रावास भवन निर्माण

चालू वर्ष 2015-16 में 25 पूर्व माध्यमिक शालाओं का हाईस्कूल में तथा 20 हाईस्कूल का हायर सेकेण्डरी स्कूल में होगा उन्नयन। 50 हाईस्कूल, 100 हायर सेकेण्डरी स्कूल तथा 50 प्री-मेट्रिक कन्या छात्रावास के भवन निर्माण के लिए 23 करोड़ रूपए का प्रावधान।

मुख्यमंत्री सोलर लैम्प

राज्य के 85 आदिवासी विकासखंडों सहित 95 विकासखंडों में मुख्यमंत्री सोलर लैम्प योजना के तहत 13 लाख परिवारों को निःशुल्क सोलर लैम्प वितरित।

मुख्यमंत्री सोलर स्टडी लैम्प योजना के तहत 16 लाख स्कूली बच्चों को भी निःशुल्क लैम्पों का वितरण।

वन अधिकार मान्यता पत्र

वन अधिकार मान्यता पत्र वितरण में छत्तीसगढ़ पूरे देश में प्रथम। प्रदेश में तीन लाख 37 हजार परिवारों को वन अधिकार मान्यता पत्र वितरित।

इन्हें दो लाख 58 हजार हेक्टेयर भूमि पर मिला खेती करने का अधिकार।

राज्य शासन द्वारा वन अधिकार मान्यता पत्र धारक परिवारों को सहकारी समितियों से सम्बद्ध कर खेती के लिए ब्याज मुक्त ऋण एवं अन्य सुविधाएं देने का प्रावधान।

इन्हें प्राप्त जमीन को खेती योग्य बनाने मनरेगा के तहत भूमि समतलीकरण।

निःशुल्क धान

वन अधिकार मान्यता पत्र धारक आदिवासी किसानों को डेढ़ लाख एकड़ के रकबे में खेती के लिए निःशुल्क धान और मक्का बीज वितरित।

तेन्दूपत्ता संग्राहकों

तेन्दूपत्ता संग्राहकों को विगत वर्ष 171 करोड़ रूपए का पारिश्रमिक तथा 310 करोड़ रूपए का बोनस।

तेन्दूपत्ता संग्राहकों को वर्ष 2005-06 से निःशुल्क चरणपादुका तथा साड़ी का वितरण अब भी जारी।

कुपोषण दूर

आदिवासी अंचलों में कुपोषण दूर करने के लिए मात्र पंाच रूपए किलो में हर महीने प्रोटीनयुक्त दो किलो चना का वितरण।

आदिवासी संस्कृति का परिरक्षण तथा विकास योजना

आदिवासी संस्कृति का परिरक्षण तथा विकास योजना के तहत आदिवासी बहुल क्षेत्रों में पूजा स्थलों और श्रद्धा स्थलों (देवगुड़ी) के निर्माण तथा मरम्मत के लिए वर्ष 2006-07 से यह योजना लागू।

इसमें गत वर्ष 600 देवगुड़ी का निर्माण एवं मरम्मत।

राजधानी रायपुर में हज भवन के निर्माण के लिए दो करोड़ रूपए का प्रावधान।

वनबंधु कल्याण योजना

वनबंधु कल्याण योजना - आदिवासी विकासखंड के समग्र विकास के उददेश्य से यह योजना प्रारंभ।

इसके तहत कोण्डागांव जिले के विकासखंड कोण्डागांव का चयन।

बस्तर-सरगुजा संभागों में नई पहल

छत्तीसगढ़ के नक्सल पीडि़त बस्तर-सरगुजा संभागों में नई पहल: साढ़े आठ हजार से ज्यादा स्थानीय युवाओं को मिली सरकारी नौकरी।

इन संभागों में जिला काडर बनाकर स्थानीय युवाओं को दी जा रही सरकारी नौकरी।

इसकी समय-सीमा अब और दो साल बढ़ा दी गयी है।